NDA की सहयोगी जनता दल यूनाइटेड (JDU) ने बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के लिए अपनी चुनावी रणनीति को आगे बढ़ाते हुए 57 उम्मीदवारों की पहली सूची जारी कर दी है। पार्टी इस चुनाव में 101 सीटों पर लड़ रही है। इस सूची में पार्टी ने अनुभव, जातिगत समीकरण और क्षेत्रीय प्रभाव का मिश्रण करने की कोशिश की है।



3 बाहुबलियों पर दांव
पार्टी ने पहली सूची में तीन चर्चित बाहुबलियों को टिकट देकर चुनावी सरगर्मी बढ़ा दी है:
- अनंत सिंह: मोकामा विधानसभा सीट से।
- धुमल सिंह: एकमा विधानसभा सीट से।
- अमरेंद्र पांडे: कुचाईकोट विधानसभा सीट से।
छह मंत्रियों को मिला फिर से टिकट
पार्टी ने अपनी सरकार के छह अनुभवी मंत्रियों पर फिर से भरोसा जताया है, जिनके नाम इस प्रकार हैं:
| क्र. | मंत्री/कैंडिडेट | विधानसभा क्षेत्र |
|---|---|---|
| 1. | विजय कुमार चौधरी | सरायरंजन |
| 2. | श्रवण कुमार | नालंदा |
| 3. | मदन सहनी | बहादुरपुर |
| 4. | महेश्वर हजारी | कल्याणपुर |
| 5. | सुनील कुमार | भोरे |
| 6. | रत्नेश सदा | सोनबरसा |

गौरतलब है कि मंत्री विजय कुमार चौधरी के बेटे को टिकट दिए जाने की चर्चा थी, लेकिन पार्टी ने फिर से अनुभवी चौधरी को ही मैदान में उतारा। इसी तरह, मंत्री महेश्वर हजारी के टिकट कटने की अफवाहों के बावजूद, उन्हें कल्याणपुर से फिर से टिकट दिया गया है।
जातिगत और क्षेत्रीय समीकरण
JDU ने पहली लिस्ट में 10 अनुसूचित जातियों (SC) के उम्मीदवारों को टिकट दिया है, जो दलित वोटों को साधने की पार्टी की रणनीति को दर्शाता है।
इसके अलावा, पार्टी ने चिराग पासवान के गृह क्षेत्र अलौली सीट पर भी अपना उम्मीदवार उतार दिया है। यह सीट चिराग पासवान की LJP(R) अपने पास रखना चाहती थी, लेकिन JDU ने यहां से प्रत्याशी उतारकर अपनी पकड़ मजबूत करने का संदेश दिया है। हिलसा सीट पर 2020 में महज 12 वोटों से चुनाव जीतने वाले कृष्ण मुरारी शरण उर्फ प्रेम मुखिया को भी पार्टी ने दोबारा मौका दिया है।
मतदान की तारीख :
बिहार में पहले फेज के लिए 6 नवंबर को 121 सीटों पर वोट डाले जाएंगे और 14 नवंबर को चुनाव के नतीजे घोषित किए जाएंगे।





